#लव_जिहाद, हिंदुओं को समाप्त करने की पुरजोर तरीका

एक हिंदू ब्राह्मण परिवार की महिला की मुलाकात फेसबुक पर नवीन राणा नाम के एक व्यक्ति से हुई। जाति आधारित पारिवारिक प्रतिबंधों के कारण, वह उसके साथ इंदौर से दिल्ली भाग गई।

वहाँ पहुँचने पर उनकी मुलाकात नवीन के मित्र शाहनवाज से हुई, जिन्होंने दावा किया कि उनके पास रहने की कोई जगह नहीं है और उन्हें उत्तर प्रदेश के फुलत में मौलाना कलीम सिद्दीकी द्वारा संचालित एक मदरसे में भेज दिया।

महिला ने मदरसे को एक उच्च सुरक्षा सुविधा के रूप में वर्णित किया, जहाँ महिलाओं को बाहर जाने की मनाही थी। आगमन के कुछ ही समय बादः

उसे नवीन से अलग कर दिया गया और उसका फोन छीन लिया गया, जिससे उसके पास अपने परिवार से संपर्क करने का कोई साधन नहीं बचा।

उन्हें मेरठ के एक अन्य मदरसे में स्थानांतरित कर दिया गया, जहां उन्हें बताया गया कि उन्हें कई दिनों तक रहना होगा।

नवीन अंततः संक्षिप्त रूप से उससे मिलने गया, लेकिन केवल उसे यह सूचित करने के लिए कि वह अब "घर से बहुत दूर" है और उसे इस्लाम का अध्ययन करना चाहिए और निकाह (विवाह) करना चाहिए।

महिला का आरोप है कि उसे व्यवस्थित रूप से "यातना" दी गई, जिसमें उसे जबरन कलमा पढ़ने के लिए मजबूर किया गया और तहज्जुद के लिए सुबह 4:00 बजे जगाया गया।

उसका दावा है कि हिंदू लड़कियों को भेदभावपूर्ण व्यवहार का शिकार बनाया जाता था। जहाँ अन्य लड़कियों को बेहतर भोजन मिलता था, वहीं उसे नाश्ते में केवल चाय और बाकी भोजन में केवल चावल /रोटी चटनी के साथ दी जाती थी।

मदरसे के अधिकारियों ने उसे स्पष्ट रूप से बताया कि उसके भोजन और उपचार में तभी सुधार होगा जब वह इस्लामी आयतों, नमाज़ और कुरान को सफलतापूर्वक याद कर लेगी।

नवीन राणा के लापता होने के बाद, फुलत मदरसा के मौलाना कलीम सिद्दीकी ने उस महिला का विवाह एक दूसरे मौलाना से करवा दिया।

उन्हें मुजफ्फरनगर ले जाया गया। उनके पति घर से बाहर जाते समय उन्हें पूरी तरह से ताला लगाकर रखते थे।

उसके द्वारा उसका विश्वास जीतने और भागने का रास्ता खोजने के प्रयासों के बावजूद, अंततः उसने उसे तलाक दे दिया और उसे फुलत मदरसा वापस भेज दिया।

मदरसे के अधिकारियों ने उससे कहा कि वह कभी भी अपने ब्राह्मण परिवार में वापस नहीं लौट सकती क्योंकि वे अब उसे स्वीकार नहीं करेंगे।

उन्हें सख्त नकाब/पर्दा पहनने के लिए मजबूर किया गया था, जिसमें नाखून तक दिखाई नहीं देते थे; उन्हें हर समय दस्ताने और मोजे पहनने पड़ते थे।

उसकी दूसरी शादी एक अलग स्थान पर हुई।

उनकी कहानी निकाह हलाला के एक परेशान करने वाले चक्र का विवरण देती है। पति अपने साले (जीजा) की शादी करवाता था और फिर उसे तलाक दे देता था ताकि वह खुद उससे दोबारा शादी कर सके।

वह अपने जीवन के इस दौर में जमीयत उलेमा-ए-हिंद की संलिप्तता का उल्लेख करती हैं।

2019 में, उनकी शादी एक हाफ़िज़-ए-कुरान से हुई थी, जिसने झूठ बोला था और दावा किया था कि उसकी पहली पत्नी की मृत्यु हो गई है।

उसने उसे चार साल तक अपने पास रखा। एक और तलाक के बाद, उसके परिवार ने उसे एक कमरे में ही कैद कर दिया।

अंततः उसने उसे एक गुप्त फ्लैट में स्थानांतरित कर दिया, जहाँ उसने अपने बहनोई के साथ मिलकर उससे दोबारा शादी करने के लिए हलाला अनुष्ठान किया।

एक महिला मित्र ने उसे भागने के लिए आवश्यक साहस और समर्थन प्रदान किया।

उसने पुलिस स्टेशन में हलाला और वर्षों से हो रहे दुर्व्यवहार का ब्योरा देते हुए शिकायत दर्ज कराई। हालांकि, उसका आरोप है कि थाने के एसएचओ (स्टेशन हाउस ऑफिसर) ने मामले को साधारण "पति-पत्नी विवाद" में बदल दिया क्योंकि आरोपी धनी है, एक बड़ा स्कूल/मदरसा चलाता है, और कथित तौर पर एफआईआर दर्ज कराने में रिश्वत का इस्तेमाल किया।

उनका मामला फिलहाल अदालत में लंबित है। न्याय अवश्य मिलेगा।

लव जिहाद कोई सिद्धांत नहीं है... यह हिंदू लड़कियों की जिंदगी तबाह कर देता है।

"प्यार के वेश में किया गया विश्वासघात आत्मा पर एक ऐसा घाव छोड़ जाता है जो कभी नहीं भरता"

LPG gas ⛽ के लिए हाहाकार

भारत कृषि प्रधान नहीं बल्कि चूतिया प्रधान और रोतड़ू प्रधान देश है।😡
भारत कभी विकसित या विश्वगुरु नहीं बन सकता क्योंकि भारत चूतियों का देश है, भारत गधों का देश है, भारत प्रचंड मूर्खों का देश है, भारत स्वार्थी और पागलों का देश है

LPG गैस सिलेंडर के नाम पर ऐसे रंडी रोना किया जा रहा है, जैसे सामूहिक शोक हो गया हो

दूसरे देशों में युद्ध छिड़ा है तो भारत के लोगों का गैस के नाम पर रो-रोकर बुरा हाल है

जरा सोचिए कि अगर अपना देश महीने भर के लिए युद्ध में चला जाए तो ये लोग क्या करेंगे ?

अमेरिका, इजरायल, ईरान में युद्ध हो रहा है तो मोदी क्या करे ? सेना लेकर कूद जाए भेंचो कि हमारे तेल के भेजो, बाद में फिर लड़ लेना क्योंकि हमारे लोगों को सिलेंडर सुलगाकर उस पर पिछवाड़ा सेंकना है

जरा भी कॉमनसेंस नहीं है भारत की बड़ी आबादी में

जब भारत LPG का 60% हिस्सा आयात करता है और खाड़ी देशों में युद्ध छिड़ा है तो थोड़ा बहुत क्राइसिस होगा ही, फिर गैस एजेंसिया क्राइसिस को बढ़ावा देंगी, फिर विपक्षी नेता इस क्राइसिस को और बढ़ावा देंगे और जनता LPG के नाम पर हाय हाय मोदी मर जा तू कहते हुए दहाड़ें मारकर रोएगी

5-7 साल पहले दिल्ली के अफ़वाह उड़ी कि नमक खत्म हो गया तो आधी दिल्ली परचूनी/किराना की दुकानों पर लाइन में लग गई थी और 50-50 किलो नमक ख़रीदकर घरों में रख लिया था

हम नमक के लिए रोने लगते हैं, प्याज के नाम पर रोते हैं, LPG के लिए रो रहे हैं और फिर भी कहते हैं कि हम तो विश्वगुरु और विकसित बनेंगे

भारत कृषि प्रधान नहीं बल्कि चूतिया प्रधान और रोतड़ू प्रधान देश है

भारत के आधे लोग ईरान का समर्थन कर रहे हैं लेकिन वहां भयानक महंगाई है, जरूरत की तमाम चीजें नहीं मिल रही हैं. आपको ईरान का समर्थन करना है कि ईरान युद्ध के कारण LPG संकट आ गया तो रोने लगे भेंचो

आधे लोग इजरायल का समर्थन कर रहे हैं, वहां ईरान ताबड़तोड़ बम और मिसाइलें मार रहा है, भयानक तबाही मची है. आपको इजरायल का समर्थन करके बहादुर बनना है लेकिन LPG संकट के नाम पर रंडी रोना भी करना है

भाई, भारत ही नहीं बल्कि दुनिया के हर देश में ईरान युद्ध के कारण ऊर्जा पदार्थों का संकट आया है तो इस समय रोने की नहीं धैर्य की जरूरत है

मोदी पेशाब करके क्रूड आयल पैदा नहीं कर देगा जिससे पेट्रोल, डीजल या LPG बन सके

या मोदी के बदले राहुल को Pm बना दो तो भी वो आपके घरों में गैस से भरे सिलेंडर नहीं भेज देंगे क्योंकि क्रूड तो उनकी पेशाब से भी नहीं निकलेगा, वहां से भी मूत निकलेगा

पूरे देश को पैनिक मोड में लाकर खड़ा कर दिया है भेंचो

इसमें एक बड़ा वर्ग उन लोगों का है, जिनके पास 5/7 साल पहले तक गैस सिलेंडर नहीं थे, मोदी ने ही दिए और मोदी के दिए हुए सिलेंडर ही मोदी पर भारी पड़ रहे हैं

तुम दूसरे देशों के बीच युद्ध के कारण इस तरह रो रहे हो और तुम चाहते हो कि तुम्हें पाकिस्तान के साथ युद्ध करके कश्मीर दे दिया जाये, बलूचिस्तान, सिंध, गिलगिट बाल्टिस्तान को आजाद कराया जाए

अबे अगर ऐसा करने का सोचा भी तो तुम संसद और PM आवास घेर लोगे नामक, तेल, आटा या किसी अन्य चीज के नाम पर

भारत जैसे महान देश में कैसे विशुद्ध पगलैट पब्लिक पैदा होती है यार 

अरे सिलेंडर मिल जायेगा यार और अगर कालाबाजारी के कारण न भी मिले तो इंडेक्शन ले लो, इंडेक्शन न मिले तो कुछ चूल्हे पर पका लेना

देश के प्रति कुछ तो दायित्व निभाओ

ये देश सिर्फ उनका ही नहीं है जो सीमा पर मर जाते हैं, ये देश आपका भी है और सिर्फ वोट देकर आप अपने दायित्व की इतिश्री नहीं कर सकते

जब संकट भी घड़ी हो आपको भी सैनिक बनकर किसी युद्ध लड़ना पड़ सकता है

हरिओम पंवार साहब ने लिखा है

क्या ये देश उन्हीं का है जो सीमा पर मर जाते हैं
अपना लहू बहाकर टीका सरहद पर कर जाते हैं
ऐसा युद्ध वतन की ख़ातिर सबको लड़ना पड़ता है
संकट की घड़ियों में सबको सैनिक बनना पड़ता है
जो भी क़ौम वतन की ख़ातिर लड़ने को तैयार नहीं
उसकी संतति को आजादी जीने का अधिकार नहीं।😐

यहूदी

My heart is with Israel!! ❣️

बेंजामिन नेतन्याह के भाषण का अंश:--

75 साल पहले हमें मरने के लिए यहां लाया गया था। हमारे पास न कोई देश था न कोई सेना थी। सात देशों ने हमारे विरुद्ध जंग छेड़ दी। हम सिर्फ 65000 थें। हमें बचाने के लिए कोई नहीं था। हम पर हमलें होतें रहे, होते रहे। लेबनान, सीरिया, इराक़, जॉर्डन,मिश्र, लीबिया, सऊदी, अरब जैसे कई देशों ने हमारे उपर कोई दया नहीं दिखाई। सभी लोग हमें मारना चाहते थे, किंतु हम बच गए।

संयुक्त राष्ट्र संघ ने हमें धरती दी,
वह धरती जो 65 प्रतिशत रेगिस्तान थी। 
हमने उसको भी अपने खून से सींचा। 
हमने उसे ही अपना देश माना क्योंकि हमारे लिए वही सबकुछ था। 
हम कुछ नहीं भूलें। हम फिर इन से बच गए। 
हम स्पेन से बच गए। हम हिटलर से बच गए।
हम अरब से बच गए। 
हम सद्दाम हुसैन से बच गए। 
हम गद्दाफी से बच गए। 
हम हमास से भी बचेंगे, 
हम हिज्बुल्लाह से भी बचेंगे और हम ईरान से भी बचेंगे।

हमारे जेरुसलम पर अब तक 52 बार आक्रमण किया गया, 23 बार घेरा गया, 
39 बार तोड़ा गया, तीन बार बर्बाद किया गया, 44 बार कब्जा किया गया..
लेकिन हम अपने जेरुसलम को कभी नहीं भूले वह हमारे हृदय में हैं, वह हमारे मस्तिष्क में हैं और जब तक हम रहेंगे जेरुसलम हमारी आत्मा में रहेगा। 
संसार यें याद रखें कि जिन्होंने हमें बर्बाद करना चाहा वह आज स्वयं नहीं है। मिश्र, लेबनान, वेवीलोन, यूनान, सिकंदर, रोमन सब खत्म हो गयें है। 
हम फिर भी बचे रहें।

हमें वे (इस्लाम) खत्म करना चाहते हैं। 
उन्होंने हमारें रस्म रिवाज को कब्जाया। 
उन्होंने हमारें उपदेशों को कब्जाया। उन्होंने हमारी परंपरा को कब्जाया। उन्होंने हमारें पैगंबर को कब्जाया। कुछ समय पश्चात अब्राहम इब्राहिम कर दिया गया, सोलोमन, सुलेमान हो गया, डेविड, दाऊद बना दिया गया। मोजेज मूसा कर दिया गया। फिर एक दिन उन्होंने कहा - तुम्हारा पैगंबर (मुहम्मद) आ गया है। हमने इसे नहीं स्वीकार किया। करते भी कैसे ? उनके आने का समय नहीं आया था। उन्होंने कहा स्वीकार करो़, कबूल लो। हमने नहीं कबूला। फिर हमें मारा गया। हमारे शहर को कब्जाया गया। 
हमारे शहर यसरब को मदीना बना दिया गया। हम क़त्ल हुए,भगा दिए गए।

मक्का के काबा में हम दों लाख थें, मार दिए गए। हमें दुश्मन बता कर क़त्ल किया गया। 
फिर सीरिया में, ओमान में यही हुआ। 
हम तीन लाख थें मार दिए गए इराक़ में हम दों लाख थें, तुर्की में चार लाख हमें मारा जाता रहा, मारें जाता रहा। वें हमें मार रहे हैं, मारते जा रहें हैं। हमारे शहर,धन, दौलत, घर, पशु, मान सम्मान सब कुछ कब्जाये़ जातें रहें, फिर भी हम बचें रहें। 1300 सालों में करोड़ों यहूदियों को मारा गया, फिर भी हम बचें रहें। 75 साल पहले वें हम पर थूकते थें, ज़लील करतें थें, मारते थे।हमारी नियति यही थी किंतु हम स्वयं पर, अपने नेतृत्व पर, अपने विश्वास पर टिके रहे हैं।

आज हमारे पास एक अपना देश है। 
एक स्वयं की सेना है, एक छोटी अर्थव्यवस्था है। इंटेल, माइक्रोसॉफ्ट, आईबीएम, फेसबुक जैसी कई संस्थाएं हमने इस दौर में बनाई।
आज हमारे चिकित्सक दवा बना रहे हैं, 
लेखक किताबें लिख रहें हैं। यें सबके लिए है, 
यह मानवता के कल्याण के लिए है।
हमने रेगिस्तान को हरियाली में बदला, 
हमारे फल, दवाएं, उपकरण, उपग्रह सभी के लिए है। हम किसी के दुश्मन नहीं है, 
हमने किसी को खत्म करने की क़सम नहीं खाई है। हमें किसी को बर्बाद नहीं करना, हम साजिश भी नहीं करते, हम जीना चाहते हैं सिर्फ सम्मान से, अपने देश में, अपनी जमीन पर, अपने घर में।

पिछले हजार सालों से हमें मिटाया गया, 
खदेड़ा गया, कब्जाया जाता रहा, हम मिटे नहीं, हारे नहीं और न आगे कभी हारेंगे। हम जीतेंगे, हम जीत कर रहेंगे। हम 3000 सालों से यरुसलम में ही थें। आज़ हम अपने पहले देश इजरायल में है। यह हमारा ही था, हमारा ही है और हमारा ही रहेगा। यरुसलम हमसे है और हम यरुसलम से है।

जेरूसलम से एक यहूदी


आपको बता दिया जाए कि 1300 सौ ईसवी तक ईरान फारस देश था और ये फारसी हिंदू लोग हैं अग्नि और सूर्य पूजक वाले लोग 

#BenjaminNetanyahu
#Israel

सनातन

फव्वारे, मकबरे और बिरियानी की हकीकत!! "ऊंट को काटकर उसमें गाय भरो, गाय में बकरा भरो, बकरे में मुर्गा भरो और मुर्गे में अंडे भरो! फिर इस...